आवारा पशु और महाकाल का आतंक, कैसे मिले निजात
| Rainbow News - Aug 3 2019 6:21PM

इस समय लोगों में एक खौफ व्याप्त हो गया है कि कहीं आवारा पशु/सांड़ या फिर द्रुतगामी ऐसी मोटर बाइक जिनके आगे महाकाल और पीछे 007 जेम्स बाण्ड अथवा अन्य किसी प्रभावशाली व्यक्ति का नाम लिखा हो उनकी चपेट में आकर असमय काल के गाल में न समा जायें या फिर अंग भंग न करवा लें। आवारा पशुओं के आक्रमण से अब तक अनेकों लोग अपनी जानें गंवा चुके हैं, तो वहीं दूसरी तरफ खेतों में खड़ी फसलें इनकी वजह से बर्बाद हो रही हैं। जब भी कोई आवारा पशुओं/छुट्टा सांड़ों के आक्रमण की कहानी सुनाता है तब वह उत्तर प्रदेश सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर ही दोषारोपण करता है।

हालांकि आवारा पशुओं/छुट्टा सांड़ों के लिए उत्तर प्रदेश सरकार पशु आश्रय केन्द्र के निर्माण में पैसा पानी की बहा रही है फिर भी सड़कों, गली-कूचों, खेत-खलिहानों व रिहायशी इलाकों में इन्हें विचरण करते हुए आसानी से देखा जा सकता है। दिन हो या रात महिला हों या पुरूष किसी पर भी ये कब आक्रमण कर दें कहा नहीं जा सकता। ये आवारा पशु लोगों की पशु शालाओं में घुसकर खूंटे से बंधे मवेशियों पर भी आक्रान्ता हो जाते हैं। बीच बचाव करने वाले व्यक्ति को इनके आक्रोश का भाजन बनना पड़ता है। 

आवारा पशुओं से यदि लोग बच गए तो द्रुतगामी मोटर बाइकर्स से बचना नामुमकिन है। गाँव की गलियों, मेड़, सम्पर्क मार्गों, शहर की सड़कों व मोहल्ले के गली-कूचों में आगे महाकाल और पीछे 007 जेम्स बाण्ड या फिर कुछ और लिखा हुआ मोटर बाइक कब आपके लिए मौत का पैगाम लेकर आ जाए इसे कोई बता नहीं सकता। द्रुतगामी मोटर बाइक से कब आपको धक्का लगे, कब अंग-भंग हो जाए और कब आप पी.एम. हाउस के अन्दर पहुँच जाए कहा नहीं जा सकता। धक्के से बचने वाले लोगों द्वारा यदि विरोध किया गया तो उनकी खैर नहीं क्योंकि ये बाइकर्स स्वयं महाकाल और जेम्स बाण्ड बनकर अच्छी खासी दैहिक समीक्षा करेंगे। साथ ही इस प्रक्रिया के समय उनके मुँह से निकलने वाला खलनायकी शब्द, उच्चारण सामने वाले को इतना आतंकित कर देगा कि सुनने वाले लोग कभी इन विभूतियों के बारे में किसी से जिक्र तक नहीं करेंगे। 

अम्बेडकरनगर :-

हम उत्तर प्रदेश के अम्बेडकरनगर जिले की बात कर रहे हैं। यहाँ 2017 से पशुओं की खुली आवारगी ने हर किसी को सांसत में डाल दिया है। पशु तस्करी पर नियंत्रण लगा हो या नहीं इसके बावत कोई जिरह नहीं करनी है परन्तु इतना अवश्य कहना है कि खेत-खलिहान से लेकर शहर की गलियों तक आवारा पशुओं की बाढ़ आ गई है, जिससे जन-जीवन अवश्य ही प्रभावित हुआ है। दो वर्षों में अम्बेडकरनगर जिले में दो जिलाधिकारियों का तबादला यहाँ से किया जा चुका है।

वर्तमान में जिले की कमान संभालने वाले हाकिम पशु आश्रय केन्द्रों के रख-रखाव और निर्माण को लेकर काफी सख्त हैं यहाँ पदभार ग्रहण करने के तत्काल उपरान्त नवागत जिलाधिकारी राकेश कुमार मिश्र (आई.ए.एस.) ने औचक निरीक्षण कर पशु आश्रय केन्द्रों पर अपना ध्यान केन्द्रित किया। अनियमितता पाये जाने पर सम्बन्धित जिम्मेदारों के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई भी किया। इन सबके बावजूद आवारा पशुओं की तादात और उनके द्वारा की जाने वाली अप्रिय घटनाओं में कोई कमी नहीं आई है। 

जिले के विभिन्न क्षेत्रों में आवारा पशु लोगों के लिए परेशानी का सबब बने हुए हैं। ताजा समाचार के अनुसार जिले के अहिरौली थाना क्षेत्र के मरथुआ सरैया गाँव में एक वृद्ध महिला पर आवारा सांड़ आक्रान्ता हुआ फलतः गम्भीर रूप से घायल वृद्धा की मौत हो गई। खबर के अनुसार उक्त गाँव की 80 वर्षीया सुनता देवी शनिवार 3 अगस्त 2019 की सुबह घर से बाहर निकली थी। सड़क पर घूमने वाले एक छुट्टा सांड़ ने उस पर आक्रमण कर दिया। गम्भीर रूप से घायल वृद्धा को अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

यह तो रहा आवारा पशु की आक्रान्ता शैली एक ताजा उदाहरण। इसी तरह की घटनाएँ मई 2017 से अब तक लगभग हर रोज सुनने, पढ़ने व देखने को मिल रही हैं। गोवंश वध प्रति योगी सरकार की सख्ती ने जहाँ पशुओं को स्वच्छन्दता व स्वतंत्रता प्रदान किया है वहीं ये आवारा पशु लोगों की जान के दुश्मन बन रहे हैं। बहरहाल हमें ही नहीं जिले के वाशिन्दों को जिलाधिकारी राकेश कुमार मिश्रा से काफी उम्मीदें हैं। अपेक्षा की जाती है कि वह आवारा पशुओं, छुट्टा सांड़ों के आक्रमण से लोगों को निजात दिलाने के लिए आवश्यक कदम उठाएँगे। 

रही बात द्रुतगामी मोटर बाइकर्स की..........तो कहना चाहेंगे कि परिवहन महकमे के मुखिया सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी कैलाश नाथ सिंह को इस बावत कठोर कदम उठाना पड़ेगा जिससे महाकाल, 007 जेम्स बाण्ड आदि लिखकर नियमों को ताक पर रखते हुए गति सीमा लांघकर फर्राटा भरने वालों पर नियंत्रण लग सके। वर्तमान में यह भी आवश्यक है कि जो लोग ऐसा कर रहे हैं उनको चिन्हित किया जाए और विभागीय नियमानुसार उन पर कार्रवाई की जाए। 

इन महाकाल/007 जैसे तत्वों पर पुलिस की पैनी निगाह होनी चाहिए। यदि ऐसा हो जाए तो अपने मोटर बाइक पर महाकाल व 007 जेम्स बाण्ड आदि अंकित करवाकर चलने का दुस्साहस करने वालों पर अंकुश लगेगा। प्रबुद्ध जनों को पूर्ण विश्वास है कि जिले के पुलिस प्रमुख वीरेन्द्र कुमार मिश्र (आई.पी.एस.) इस तरह फर्राटा भरने वाले तत्वों पर नियंत्रण लगाने हेतु सभी थानों के प्रभारियों को आवश्यक दिशा निर्देश देंगे, साथ ही शहर, कस्बा, बाजार, सड़क पर चेकिंग अभियान चलाकर नियम विरूद्ध वाहन संचालन करने वाले मोटर बाइकर्स से शमन शुल्क वसूलेंगे। 



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